Ad image

हल्द्वानी: अग्निपथ एक जुमला! देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़: इन्द्रपाल आर्य जिला अध्यक्ष

Renu Negi
3 Min Read

हल्द्वानी @ मुकेेेश कुमार: “मोदी सरकार द्वारा सेना में अनुबंध प्रणाली लाने वाली अग्निपथ योजना को अविलंब वापस लेने के सवाल पर हल्द्वानी में सड़कों पर उतरे बेरोजगारों छात्रों युवाओं पर पुलिस लाठीचार्ज व पुलिसिया दमन की काग्रेंस एससी विभाग के जिलाध्यक्ष इन्द्रपाल आर्य ने घोर भर्त्सना की है उन्होंने ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करने की मांग की है।

यहा अपने आवास पर आयोजित प्रैसवार्ता में काग्रेंस एससी विभाग के जिलाध्यक्ष इन्द्रपाल आर्य ने कहा कि “यह योजना एक तरफ युवाओं के साथ क्रूर मजाक है तो दूसरी ओर देश की राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है. सेना की पूरी सरंचना को तहस-नहस करने वाली इस योजना को देश कभी स्वीकार नहीं करेगा सेना के रिटायर्ड अधिकारी भी इसकी खुलकर मुखालफत पर उतर आए हैं यह कैसा मजाक है कि महज 4 साल काम करने के बाद बहाली की उम्र में ही युवा रिटायर्ड कर दिए जाएंगे.

इस योजना के आने के पहले एयरफोर्स की बहाली में दो परीक्षाओं को पास कर चुके और आर्मी की बहाली में फाइनल कट ऑफ का इंतजार कर रहे हजारों युवाओं को भी इसी दायरे में धकेल दिया गया है. इसके खिलाफ आज पूरे देश में छात्र-युवाओं का तीखा आंदोलन शुरू हो चुका है और देश का कोना-कोना सुलग उठा है.

उन्होंने कहा कि छात्र-युवाओं के गुस्से का विस्फोट स्वभाविक है मोदी सरकार न केवल अग्निपथ योजना की आड़ में युवाओं से धोखेबाजी कर रही है, बल्कि प्रत्येक साल दो करोड़ नौकरियों का उसका वादा भी छलावा साबित हुआ है अब यह सरकार कह रही है कि 2024 के चुनावों से पहले दस लाख रिक्तियां बिना किसी आधार के भरने की बात कह रही है.

सरकार की इस जुमलेबाजी-धोखेबाजी के खिलाफ छात्र-युवाओं ने निर्णायक लड़ाई के लिए कमर कस ली है. वे देश के कोने-कोने में सड़कों पर उतर रहे हैं, रेलवे के परिचालन को ठप्प कर रहे हैं और भाजपा नेताओं का घेराव कर अपनी मांग प्रकट कर रहे हैं.

उन्होंने ने कहा कि, “जॉब के नाम जुमला और बहाली की उम्र में रिटायरमेंट देने वाली मोदी सरकार के खिलाफ उभरे इस छात्र-युवा आक्रोश को और व्यापक बना देने की जरूरत है तथा सरकार को कदम पीछे खींचने के लिए विवश कर दें. उन्होंने सभी विपक्षी पार्टियों, सामाजिक संगठनों और व्यापक जनता से इस आंदोलन को समर्थन देने की अपील की।

Share This Article
Leave a Comment